नमस्कार दोस्तों, आज हमारे एक मित्र जो कार्यरत है आनंद राठी ग्लोबल फाइनेंस में मैनेजर के पद पर , उनसे बातचीत हुई और उन्होंने अपने लोन अगेंस्ट प्रॉपर्टी से सम्बंधित कई सवालों के जवाब दिए , जिनके जवाब आपको अगले लेख पर मिल जायेगे उनके वीडियो के साथ। ऐसे कोन - कोन से प्रश्न थे उनका ब्यौरा निचे दिया गया है ? दिल्ली में कई NBFC है जो लोन में डील करती है, पर कस्टमर आपके पास ही क्यों आये लोन अगेंस्ट प्रॉपर्टी के लिए ? ऐसी कौन से विशेषताए है ? क्या सैलरीड क्लास को भी लोन अगेंस्ट प्रॉपर्टी लोन दिया जा सकता है ? यदि पहले से ही किसी और NBFC से या बैंक से प्रॉपर्टी लोन चल रहा है तो उसे राठी ग्लोबल फाइनेंस में ट्रांसफर किया जा सकता है, यदि किया जा सकता है तो कस्टमर को क्या बेनिफिट्स देंगे आप ? कितनी EMI जाने के बाद ट्रांसफर किया जाता है ? क्या बैलेंस ट्रांसफर और टॉप अप कोई स्कीम है आपके पास ? ट्रेडर्स या मनुफेक्चुर की सेल के बेसिस पर एलिजिबिली देखते है या इनकम को ? कोई मिनिमम प्रोडक्ट सेल जरूरी है अगर है, तो वह क्या ...
"यस, फ्रेंड्स अगेन !" Friends Again दफ्तर में जैसे ही पहुंची, तो दूर से बॉस चले आ रहे थे! मैंने "गुड मॉर्निंग " कहा ! वो मुस्करा रहे थे ! कुछ ज्यादा ही, जैसे कोई बिल्ली दूध चाटने के बाद मूंछे हिला रही हो !ऐसा क्या राज़ था भाई ! अपने केबिन पहुंची तो देखती हूँ कि , मेज़ पर एक लिफाफा रखा है ! फूलो का गुलदस्ता, चॉकलेट का डिब्बा और मेरा फेवरेट-"चॉकलेट किंग" ! लिफाफा खोला तो यकीन ही नहीं हुआ ! मेरा परमोशन हो गया था और मेरी सैलेरी भी बढ़ा दी गयी थी 25 % ! मैंने अकेले में, ये सोचकर कि कोई देख नहीं रहा है, कॉलेज के दिनों के टाइप का छोटा-सा ख़ुशी का डांस किया तो पीछे से बॉस की हंसी सुनाई पड़ी ! खड़े-खड़े देख रहे थे ! बोले "कांग्रेचलेशन्स ! तुम ये सब डिजर्व करती हो ! आज जल्दी घर चली जाना और पार्टी करना। … सारी रात.… बॉयफ्रैन्ड के साथ ! हैव फन !" घर की और ड्राइव करते-करते मै हलके से टोंट करती हुई मुस्करा रही थी, "बॉयफ्रेंड!" बड़े शहरो में करियर कि ऊँची-नीची लहर पर तैरते लड़के--लड़कियो की किस्मत में बॉयफ्रेंड-गर्लफ्रेंड कहा होते है ? कि...
मानसून - The Weather मूवर्स एंड पैकर्स, जैसा कि दस्तूर है, सवा दो घंटे की देरी से पहुँचे आदमी कम थे, समान ज्यादा आखिर पिछले दस सालो से खरीदी हुई हज़ारो चीजो को डिब्बे में पैक करना था ! रेनू ने कहा, "कबाड़ इकट्ठा करने की तुम्हारी पुरानी आदत हैं! हर अलमारी, हर डिब्बा खोलकर देख लो ! नए घर में सिर्फ वही जायेगा, जो काम का है! बाकी सब कबाड़ी के काम का है !" हम बेशक नए घर जा रहे थे, पर बीवी तो पुरानी थी ! आर्डर इज आर्डर ! मै श्रद्वापूर्वक अलमारियों की जाँच में लग गया ! बच्चे दौड़ते हुए आये और बोले, "नए घर में बड़ी से बालकनी भी है !" बेटे और बेटी की हंसी का ठप्पा लग गया, यानि दुनिया गुलज़ार हो गई ! मैंने बच्चो को देखा और सोचा, सबकुछ तो है मेरे पास ! नौकरी में तरक्की हो गई है, नया घर लिया है और नई गाड़ी लेने के लिए रोज घर में हाई लेवल पीस नेगोसिएशन चल रही है ! मूवर्स और पैकर्स ने अपना काम चालू कर दिया ! एक ने , कमरे के एक कोने को देखकर कहा, "सर इस अलमारी का क्या करना है ?" हर छठे महीने हम मिया बीवी के बीच ये एक सवाल अक्सर उठ खड़ा होता है ! ...
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